जैसी हमारी दृष्टि, वैसी मानसिक सृष्टि
As is our vision, so is our mental creation.
हमारी जो मानसिक सृष्टि है वो सिर्फ हमारे पेशे पर ही निर्भर नहीं होती बल्कि इस पर भी निर्भर होती है कि हमारा परिवार, संस…
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चैतन्य संदेश
हमारी जो मानसिक सृष्टि है वो सिर्फ हमारे पेशे पर ही निर्भर नहीं होती बल्कि इस पर भी निर्भर होती है कि हमारा परिवार, संस…
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संदेश
श्रीचैतन्यराष्ट्र संघ के माध्यम से कोड यूनिटी लाइफ की प्राप्ति हो रही है — भ्रम आवरण निराकरण हो रहें हैं। संज्ञानसर्जरी …
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चैतन्य संदेश
जब एक सीमित सोच वाला बच्चा, युवा या बुजुर्ग अपनी असीम दृष्टि एवं सोच को पहचान लेगा उस दिन वो संबिधान के नीति ,कायदे ,कान…
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श्री चेतन्य संदेश
मालिक को हक है कि दिमाग में बसे किराएदार से कागज मांग कर पूछे की तू मेरे दिमाग में कब से रह रहा है और किसके कहने पर ?…
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वृक्षारोपण
बड़ोखर मुक्तिधाम में फलदार, फूलदार और सुगंधित छायादार वृक्षों का रोपण संपन्न हुआ। पंचमहाभूतों की शुद्धता के लिए यह अभिया…
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मानवाधिकार
चेतनात्मक परिप्रेक्ष्य में विधिक सेवा — संविधान के मूल तत्वों को जीवंत करना हमारा लक्ष्य। हर नागरिक को उसके अधिकारों की …
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